झारखंड लोक सेवा आयोग की परीक्षा को लेकर एक बड़ा विवाद सामने आया है। Jharkhand Public Service Commission (JPSC) की सहायक वन संरक्षक (Assistant Conservator) मुख्य परीक्षा के प्रश्नपत्र में कई गंभीर गलतियां पाई गई हैं, जिससे अभ्यर्थियों में नाराजगी बढ़ गई है।

❗ क्या हैं मुख्य गलतियां?

रिपोर्ट के अनुसार प्रश्नपत्र में कई ऐतिहासिक और सामान्य शब्दों को गलत तरीके से लिखा गया:

सिद्धू-कान्हू को “सिडो-कान्हू” लिखा गया
गणना को “गठन” लिखा गया
कई जगह हिंदी और अंग्रेजी शब्दों में भी गड़बड़ी पाई गई
कुछ प्रश्नों में शब्दों का अर्थ ही बदल गया
इन गलतियों के कारण छात्रों को सवाल समझने में परेशानी हुई, जिससे उनके प्रदर्शन पर असर पड़ सकता है।
परीक्षा और छात्रों की परेशानी
यह परीक्षा सहायक वन संरक्षक और अन्य पदों के लिए आयोजित की गई थी। अभ्यर्थियों का कहना है कि:
प्रश्नपत्र में इतनी गलतियां होना आयोग की लापरवाही दिखाता है
कई सवाल भ्रमित करने वाले थे
इससे मेरिट और चयन प्रक्रिया पर असर पड़ सकता है
आदिवासी संदर्भ में भी गलती
रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि एक प्रश्न में “आदिवासी त्योहार” की जगह गलत शब्द “रोटाट” लिखा गया, जो पूरी तरह से संदर्भ बदल देता है। इससे परीक्षा की गुणवत्ता पर और सवाल खड़े हो गए हैं।
जांच और कार्रवाई की मांग
छात्रों और अभ्यर्थियों ने मांग की है कि:
प्रश्नपत्र की जांच हो
गलत सवालों के लिए ग्रेस मार्क्स दिए जाएं
जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की जाए
यह मामला अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और प्रतियोगी परीक्षाओं की पारदर्शिता पर बहस छिड़ गई है।