Deoghar में एक चौंकाने वाला ठगी का मामला सामने आया है, जहां सस्ती गाड़ियों की नीलामी का लालच देकर लाखों रुपये ठग लिए गए। इस मामले में Jamtara में पदस्थापित एक सिपाही के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।

पुलिस के अनुसार, आरोपी ने खुद को पुलिस से जुड़ा बताते हुए लोगों को भरोसे में लिया और कहा कि जब्त की गई गाड़ियों की नीलामी बेहद कम कीमत पर करवाई जाएगी। इस लालच में आकर कई लोगों ने पैसे जमा कर दिए।

शिकायत के मुताबिक, आरोपी ने अलग-अलग लोगों से कुल करीब 23.50 लाख रुपये ठग लिए। उसने पीड़ितों को यह भरोसा दिलाया कि उन्हें जल्द ही गाड़ियां मिल जाएंगी, लेकिन समय बीतने के बाद भी जब कोई वाहन नहीं मिला, तो लोगों को शक हुआ।

मामले की जांच में सामने आया कि आरोपी ने अलग-अलग खातों में पैसे ट्रांसफर करवाए और लंबे समय तक लोगों को टालता रहा। जब दबाव बढ़ा, तो उसने संपर्क करना भी बंद कर दिया।
पीड़ितों की शिकायत पर देवघर नगर थाना में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि इस ठगी में और कौन-कौन लोग शामिल हैं और क्या यह किसी बड़े गिरोह का हिस्सा है।
विशेषज्ञों का कहना है कि जामताड़ा पहले से ही साइबर ठगी के लिए बदनाम रहा है, ऐसे में इस तरह के मामलों में लोगों को ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है। किसी भी सरकारी नीलामी या ऑफर पर भरोसा करने से पहले उसकी पूरी जांच करना जरूरी है।
पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि इस तरह के लालच में न आएं और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना दें।