रांची। Radhakrishna Kishore ने विधानसभा में वित्तीय वर्ष 2026-27 का वार्षिक बजट पेश किया। कुल 1,58,560 करोड़ रुपये के इस बजट को ‘अबुआ दिसोम बजट’ नाम दिया गया है। सरकार ने इसे जनकल्याण, आधारभूत संरचना, शिक्षा, स्वास्थ्य और ग्रामीण विकास पर केंद्रित बताया है।

मुख्यमंत्री Hemant Soren की उपस्थिति में पेश किए गए बजट में सामाजिक सुरक्षा योजनाओं, महिला सशक्तिकरण और युवाओं के लिए रोजगार अवसरों को प्राथमिकता देने की बात कही गई।

📊 बजट की प्रमुख बातें

कुल बजट आकार: ₹1,58,560 करोड़
शिक्षा, स्वास्थ्य और ग्रामीण विकास के लिए विशेष प्रावधान
कृषि और सिंचाई योजनाओं पर फोकस
सड़क, पुल और बुनियादी ढांचा विकास के लिए बढ़ा आवंटन
युवाओं के कौशल विकास और रोजगार सृजन पर जोर
🏥 स्वास्थ्य और शिक्षा पर विशेष ध्यान
सरकार ने स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने, नए अस्पताल और चिकित्सा संस्थान विकसित करने तथा प्राथमिक स्वास्थ्य ढांचे को सुदृढ़ करने का लक्ष्य रखा है।
शिक्षा क्षेत्र में नए कॉलेज, तकनीकी संस्थान और डिजिटल शिक्षा विस्तार की योजनाएं शामिल हैं।
🚜 ग्रामीण और कृषि क्षेत्र के लिए पहल
किसानों के लिए सब्सिडी, सिंचाई परियोजनाएं और कृषि उत्पादन बढ़ाने की योजनाओं का प्रस्ताव रखा गया है। ग्रामीण सड़कों और पेयजल योजनाओं के लिए भी बजट में पर्याप्त राशि का प्रावधान किया गया है।
👩👧 सामाजिक सुरक्षा और महिला सशक्तिकरण
महिला कल्याण योजनाओं, पेंशन और सामाजिक सुरक्षा कार्यक्रमों के लिए बजट में उल्लेखनीय प्रावधान किए गए हैं, जिससे ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों को लाभ मिलने की उम्मीद है।
निष्कर्ष
‘अबुआ दिसोम बजट’ को सरकार ने विकास और सामाजिक न्याय का संतुलित दस्तावेज बताया है। अब विपक्ष की प्रतिक्रिया और सदन में चर्चा के बाद इसके प्रावधानों पर अंतिम मुहर लगेगी।