लंबे समय तक असुरक्षा और आतंकवादी घटनाओं की वजह से सूनी पड़ी घाटियों में अब एक बार फिर पर्यटकों की रौनक लौटने लगी है। सुरक्षा बलों, खासकर सीआरपीएफ की मजबूत तैनाती के चलते हालात में सुधार हुआ है और पर्यटक अब फिर से इन खूबसूरत वादियों का रुख कर रहे हैं।

जानकारी के अनुसार, जिन इलाकों में सुरक्षा बलों की पहुंच मजबूत हुई है, वहां पर्यटकों की आवाजाही भी तेजी से बढ़ी है। पहले जहां पर्यटक आने से कतराते थे, वहीं अब धीरे-धीरे उनकी संख्या में इजाफा देखने को मिल रहा है।

बताया जा रहा है कि घाटियों में सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त किया गया है। संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त जवानों की तैनाती की गई है और लगातार निगरानी रखी जा रही है। इसका सीधा असर पर्यटन पर पड़ा है और स्थानीय लोगों के बीच भी सकारात्मक माहौल बना है।

स्थानीय व्यापारियों का कहना है कि पर्यटकों की वापसी से उनके कारोबार में फिर से जान आ रही है। होटल, रेस्टोरेंट और ट्रांसपोर्ट से जुड़े लोगों को इसका सीधा लाभ मिल रहा है। लंबे समय से ठप पड़े पर्यटन उद्योग में अब नई उम्मीद जगी है।
हालांकि, विशेषज्ञों का मानना है कि स्थायी रूप से पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए सुरक्षा के साथ-साथ इंफ्रास्ट्रक्चर पर भी ध्यान देना होगा। बेहतर सड़कें, सुविधाएं और संचार व्यवस्था इस क्षेत्र को और अधिक आकर्षक बना सकती हैं।
सरकार भी इस दिशा में कदम उठा रही है। पर्यटन स्थलों के विकास और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए कई योजनाएं बनाई जा रही हैं, ताकि आने वाले समय में यह क्षेत्र फिर से देश-विदेश के पर्यटकों की पहली पसंद बन सके।